राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 17 जुलाई को दिल्ली में टॉप शहरों को करेंगी सम्मानित

नई दिल्ली ( दिव्यशंखनाद ) 15 जुलाई | हर साल की तरह इस बार भी सरकार ने स्वच्छता सर्वे के रिजल्ट अनाउंस कर दिए हैं। इसमें हर शहरों की साफ-सफाई की जांच होती है। हर सिटी में सफाई को लेकर पहले नंबर पर आने की होड़ लगी रहती है। इस बार जान लेते हैं कौन सा शहर टॉप पर आया है।
केंद्र सरकार ने इस बार स्वच्छता सर्वे के नतीजों ने सबको चौंका दिया है। कई सालों से एमपी के इंदौर ने पहले नंबर पर अपना कब्जा जमा रखा था। इस बार के नतीजों में गुजरात ने बाजी मार ली है। गुजरात का अहमदाबाद सबसे साफ सिटी बन गया है। दूसरे नंबर पर मध्य प्रदेश का भोपाल आया है और तीसरे पर लखनऊ ने छलांग मारी है, जो कभी 44वें पर था। 17 जुलाई को राष्ट्रपति भवन में सर्वे में आए टॉप शहरों को बुलाया गया है। जिसमें उन्हें सम्मान मिलेगा। इस ऑनर सेरेमनी में इन शहरों को अवॉर्ड से नवाजा जाएगा। वहीं, इस रैंकिंग से बाहर हुए इंदौर, सूरत और नवी मुंबई जो कभी टॉप लिस्ट में हमेशा बने रहे हैं।
राष्ट्रपति भवन में होगा सम्मान समारोह, भोपाल को मिला आमंत्रण
स्वच्छता में अच्छा प्रदर्शन करने वाले शहरों को राष्ट्रपति भवन में सम्मानित किया जाएगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 17 जुलाई को दिल्ली में टॉप शहरों को अवॉर्ड देंगी। भोपाल नगर निगम को इस कार्यक्रम में शामिल होने का आमंत्रण मिल चुका है। मध्यप्रदेश के नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी भी इस समारोह में भाग लेंगे।
‘सुपर स्वच्छता लीग’ में शामिल शहरों की रैंकिंग नहीं होती
स्वच्छता सर्वेक्षण में एक नई श्रेणी ‘सुपर स्वच्छता लीग’ बनाई गई है। इसमें वे शहर शामिल किए गए हैं जो लगातार तीन साल तक टॉप-3 में रहे हैं। इस लीग में इंदौर, सूरत, और नवी मुंबई जैसे 15 शहर शामिल हैं। इन शहरों की अब रैंकिंग नहीं की जाती, लेकिन उन्हें स्वच्छता के लिए 12,500 अंकों में से अंक दिए जाते हैं।
इंदौर लगातार 7 बार बना नंबर-1, लेकिन इस बार रैंकिंग से बाहर
-इंदौर ने पिछले सात सालों में लगातार देश का सबसे साफ शहर बनने का रिकॉर्ड बनाया है। लेकिन इस बार वह सुपर लीग में चला गया है, इसलिए उसकी कोई रैंकिंग नहीं की गई।
क्यों बनाई गई सुपर स्वच्छता लीग?
कुछ शहर लगातार टॉप-3 में बने रहते थे, जिससे दूसरे शहरों के लिए प्रतिस्पर्धा करना मुश्किल हो रहा था। इसलिए सरकार ने ऐसे टॉप शहरों को अलग लीग में डाल दिया, ताकि बाकी शहरों को भी मौका मिल सके।
मध्यप्रदेश के किन शहरों को मिलेगा अवॉर्ड?
मध्यप्रदेश के 5 शहरों को अलग-अलग श्रेणियों में अवॉर्ड मिलने जा रहे हैं जिनमें भोपाल, देवास और शाहगंज – प्रेसिडेंशियल अवॉर्ड की दौड़ में। जबलपुर – मिनिस्ट्रीयल कैटेगरी में सम्मानित होगा। ग्वालियर – स्टेट लेवल अवॉर्ड के लिए चुना गया है।
सुपर लीग में मध्यप्रदेश के तीन शहर शामिल
इंदौर, उज्जैन, बुदनी (पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान का निर्वाचन क्षेत्र)
इन तीनों शहरों को उनकी लगातार उत्कृष्ट सफाई व्यवस्था के कारण सुपर लीग में शामिल किया गया है।

